प्रधानमंत्री मोदी ने राष्ट्रपति पुतिन को ‘तिरुक्कुरल’ का रूसी संस्करण भेंट किया
| प्रमुख विषय | विवरण |
|---|---|
| तिरुक्कुरल का परिचय | तिरुवल्लुवर द्वारा रचित प्राचीन तमिल ग्रंथ, जिसमें 1,330 दोहे (कुरल) हैं, जिन्हें 133 अध्यायों (प्रत्येक में 10 दोहे) में विभाजित किया गया है। यह प्राचीन तमिल में लिखा गया है और इसमें नैतिकता, शासन, न्याय, धन, संबंधों तथा प्रेम जैसे विषयों को शामिल किया गया है। |
| तिरुक्कुरल के खंड | 3 प्रमुख खंड:<br>1. अरम (सदाचार) – नैतिकता और आचरण।<br>2. पोरुल (धन) – शासन, राजनीति और अर्थव्यवस्था।<br>3. इन्बम (प्रेम) – संबंध और आनंद। |
| पुतिन को प्रधानमंत्री मोदी की भेंट | माननीय प्रधानमंत्री मोदी ने राष्ट्रपति पुतिन को रूसी भाषा में अनुवादित तिरुक्कुरल भेंट किया, जिसमें मूल तमिल पाठ, रोमन लिप्यंतरण और रूसी अनुवाद शामिल हैं। यह भारत की शास्त्रीय तमिल विरासत को वैश्विक स्तर पर प्रदर्शित करता है। |
| भेंट का महत्व | यह रूसी भाषी लोगों के लिए तिरुक्कुरल को सुलभ बनाता है, भारत की प्राचीन साहित्यिक विरासत को प्रदर्शित करता है और इसकी शाश्वत प्रासंगिकता को रेखांकित करता है। |

