भारत में एफडीआई: सिंगापुर सबसे आगे
| श्रेणी | विवरण |
|---|---|
| FDI की परिभाषा | प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (FDI) तब होता है जब किसी एक देश की कंपनी या निवेशक दूसरे देश में व्यवसाय में निवेश करता है, जैसे कारखाने, कार्यालय या साझेदारी स्थापित करना। |
| FDI का सबसे बड़ा स्रोत | सिंगापुर भारत में FDI का सबसे बड़ा स्रोत है, जो कुल विदेशी निवेश का लगभग 30% योगदान देता है। |
| शीर्ष 5 FDI स्रोत देश | 1. सिंगापुर (कम लेन-देन लागत, कर समझौते) <br> 2. मॉरीशस (ऐतिहासिक कर समझौते) <br> 3. संयुक्त राज्य अमेरिका (तकनीक, ई-कॉमर्स) <br> 4. नीदरलैंड्स (यूरोपीय कंपनियों के लिए प्रवेश द्वार) <br> 5. जापान (बुनियादी ढांचा, रेलवे, ऑटोमोबाइल) |
| FDI प्राप्त करने वाले प्रमुख क्षेत्र | • सेवा क्षेत्र (बैंकिंग, बीमा, आईटी) <br> • कंप्यूटर सॉफ्टवेयर और हार्डवेयर <br> • विनिर्माण (इलेक्ट्रॉनिक्स, इलेक्ट्रिक वाहन) <br> • दूरसंचार (5G विस्तार) <br> • व्यापार और ई-कॉमर्स <br> • ऑटोमोबाइल उद्योग <br> • निर्माण और बुनियादी ढांचा (सड़कें, स्मार्ट सिटी) |

